कृषकों को बीमित एवं क्षतिपूर्ति की सहायता राशि शीघ्र प्रदान करने की कार्यवाही करें- चंद्रकांत वर्मा
कलेक्टर ने असामयिक वर्षा और ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने सघन दौरा किया
कलेक्टर चंद्रकांत वर्मा ने जिले में दो दिन से असामयिक वर्षा और ओलावृष्टि से प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेने सघन दौरा किया। उन्होंने ओलावृष्टि प्रभावित क्षेत्र छुईखदान तहसील के ग्राम जंगलपुर, मानिक चौरी, मदरकठेरा व देवपुरा सहित अन्य प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया। इस दौरान संबंधित अधिकारियों के साथ फसल खराबी का जायजा लेते हुए कृषकों को बीमित एवं क्षतिपूर्ति की सहायता राशि दिलाने की कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर वर्मा ने ग्राम जंगलपुर के खेतों में भी पहुंचे और उन्होंने प्रभावित चने फसल और देवपुरा में पपीता, लौकी व टमाटर सहित अन्य फसल की हालत देखकर चिंता जाहिर की। उन्होंने पीड़ित किसानों के साथ संवाद किया और उन्हें आश्वस्त किया कि प्राकृतिक आपदा से जो क्षति हुई है, उसके लिए प्रशासनिक स्तर पर आप लोगों को हरसंभव सहायता पहुंचाने की कार्यवाही की जाएगी। इसके लिए उन्होंने कृषकों को जागरूक होकर समय पर सूचना स्थानीय प्रशासन को उपलब्ध कराने की बात कही।
जंगलपुर के कृषकों ने भी कलेक्टर वर्मा को अपने बीच देखकर ओलावृष्टि से चौपट हुई फसलों को दिखाया और इससे उन्हें हुए नुकसान की जानकारी दी। इस दौरान अनुविभागीय अधिकारी राजस्व छुईखदान रेणुका राते, उपसंचालक कृषि राजकुमार सोलंकी, प्रभारी उपसंचालक उद्यान रविंद्र कुमार मेहरा एवं अन्य अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित थे।
अधिकारियों को मॉनिटरिंग के निर्देश
कलेक्टर चंद्रकांत वर्मा ने जिले में हुई ओलावृष्टि से प्रभावित कृषकों को त्वरित राहत प्रदान करने के लिए समस्त संबंधित अधिकारियों को क्षेत्रीय भ्रमण करने और खराब फसल व नुकसान की सूचना संबंधित किसानों के माध्यम से बीमा कंपनियों को भिजवाने के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों को हालातों की सतत मॉनिटरिंग करने के भी निर्देश दिए। क्योंकि असामयिक वर्षा रुकी नहीं हैं, लगातार रुक रूककर बारिश हो रही है। इस वजह से फसलों और नुकसान पहुंचने की सम्भावना है।

ओलावृष्टि से फसल खराब होने की सूचना बीमित कंपनी को तत्काल दे- कलेक्टर
कलेक्टर चंद्रकांत वर्मा ने कहा कि किसान अतिवृष्टि या ओलावृष्टि से फसल खराब होने की सूचना तत्काल उपलब्ध कराए। ताकि उन्हें जल्द से जल्द राहत प्रदान की जा सकें। उन्होंने गेंहू, चना, सरसों सहित अन्य सब्जियां व उद्यानिकी फसलों में हुए नुकसान के लिए बीमित किसानों को व्यक्तिगत रूप से सूचना देने के निर्देश दिए और कहा कि किसान 72 घंटे में बीमित कंपनी के टोल फ्री नंबर 18004190344 पर या 14447 पर सूचना दे सकते है।





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