The YUVA WORLD News

The YUVA WORLD News

लोकतंत्र केवल शासन प्रणाली नहीं, जीवन जीने की पद्धति है: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

Views: 1118
Spread the love
Read Time:4 Minute, 44 Second

लोकतंत्र केवल शासन प्रणाली नहीं, जीवन जीने की पद्धति है: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय


रायपुर, 26 जून 2025: मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि लोकतंत्र केवल एक शासन प्रणाली नहीं, बल्कि जीवन जीने की एक पद्धति है। हम आज जिस आज़ादी का अनुभव कर रहे हैं, उसकी कीमत आपातकाल के दौरान कई नागरिकों ने यातना, अपमान और जेल में समय काटकर चुकाई।

मुख्यमंत्री ने अपने निवास कार्यालय में आयोजित आपातकाल स्मृति दिवस कार्यक्रम में कहा कि लोकतंत्र सेनानियों की पीड़ा और संघर्ष को अगली पीढ़ियों तक पहुँचाना हमारा कर्तव्य है। उन्होंने लोकतंत्र को सशक्त बनाने के लिए निरंतर सजग रहने का आह्वान किया।

उन्होंने कहा कि आपातकाल के समय स्वतंत्र भारत में लोकतंत्र सेनानियों को शारीरिक और मानसिक यातनाएं दी गईं। यह घटनाएं अंग्रेज़ी हुकूमत की क्रूरता की याद दिलाती हैं। उन्होंने पार्श्व गायक किशोर कुमार के उदाहरण का हवाला देते हुए बताया कि सरकारी प्रचार गीत गाने से इनकार करने पर उनके गीतों पर प्रतिबंध लगा दिया गया था।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने लोकतंत्र सेनानियों को सम्मानित किया और सच्चिदानंद उपासने द्वारा लिखित पुस्तक ‘वो 21 महीने: आपातकाल’ का विमोचन भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 25 जून 1975 भारतीय लोकतंत्र का सबसे काला दिन माना जाता है। हजारों निर्दोषों को जेलों में ठूंस दिया गया, मौलिक अधिकार छीन लिए गए और मीडिया पर सेंसरशिप थोप दी गई। उन्होंने अपने स्वर्गीय पिता नरहरि प्रसाद साय का उदाहरण देते हुए बताया कि वे भी 19 महीने जेल में रहे और यातनाएं सहे।

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि राज्य सरकार ने लोकतंत्र सेनानियों को दी जाने वाली सम्मान राशि को फिर से शुरू किया है और पूर्ववर्ती सरकार द्वारा रोकी गई 5 वर्षों की बकाया राशि का भुगतान भी किया गया है। साथ ही, अब सेनानियों की अंत्येष्टि राजकीय सम्मान के साथ की जाएगी और परिजनों को ₹25,000 की सहायता राशि दी जाएगी। विधानसभा में एक अधिनियम पारित कर यह सुनिश्चित किया गया है कि यह योजना भविष्य में समाप्त न की जा सके।

विधानसभा अध्यक्ष रमन सिंह ने आपातकाल की भयावहता पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि लोकतंत्र सेनानियों का बलिदान आज भी प्रेरणास्रोत है। उन्होंने कहा कि आपातकाल में न्यायपालिका, कार्यपालिका, विधायिका और मीडिया को निष्क्रिय कर दिया गया था।

इस अवसर पर पवन साय, लोकतंत्र सेनानी संघ के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सच्चिदानंद उपासने, उद्योग मंत्री लखनलाल देवांगन, विधायक मोतीलाल साहू, सीजीएमएससी अध्यक्ष दीपक म्हस्के, नागरिक आपूर्ति निगम अध्यक्ष संजय श्रीवास्तव, अल्पसंख्यक आयोग अध्यक्ष अमरजीत छाबड़ा, रायपुर विकास प्राधिकरण अध्यक्ष नन्द कुमार साहू, लोकतंत्र सेनानी संघ के प्रदेश अध्यक्ष दिवाकर तिवारी सहित बड़ी संख्या में लोकतंत्र सेनानी एवं उनके परिजन उपस्थित रहे।

Tags: आपातकाल, लोकतंत्र सेनानी, विष्णु देव साय, लोकतंत्र दिवस, छत्तीसगढ़ समाचार, मीसाबंदी, सच्चिदानंद उपासने, रमन सिंह, भारतीय लोकतंत्र, संविधान की रक्षा

मनमोहन पात्रे संपादक The YUVA WORLD News

2017 से पत्रकारिता के क्षेत्र में कार्यरत, दैनिक अखबार, सेटेलाइट न्यूज़ चैनल, राष्ट्रीय मासिक पत्रिका में कार्य करने का अनुभव B. Sc. Mathematics व पत्रकारिता में BJMC कि डिग्री। पूर्व बिलासपुर जिला सचिव : Chhattisgarh Journalist Union Journalist Manmohan Patre Chhattisgarh

You may have missed